तुम्हारा ‘अकेलापन’

'अकेलेपन' का अहसास भी एक मनोवैज्ञानिक खेल है।

Advertisements

रिश्तों की खुशी कहां खो गई?

आज एक दीदी से कई सालों बाद बात हो रही थी। मैंने संगीत की उनकी रुचि के बारे में पूछा तो उन्होंने कहा कि संगीत की तरफ़ वापसी अब बहुत मुश्किल है। अब तो आगे ही देखना है। बच्चों की पढ़ाई और बाकी सारी जिम्मेदारियां हैं। अपनी किसी सहेली से बात करो तो भी पति … Continue reading रिश्तों की खुशी कहां खो गई?

किसी के प्यार में इतना खुश होने की जरूरत नहीं है

पूरी बात कहने से पहले मुझे जोर की हँसी आ रही है। जिसे छिपाया नहीं जा सकता। वह मेरे आसपास गूंज रही हैं। इसे अगर शब्दों में व्यक्त करें तो, "हा हा हा" ही लिखा जा सकता है। इस मोहब्बत के नए सिलसिले से पहले मेरी दोस्त ने आगाह किया था कि बहुत ज्यादा खुश … Continue reading किसी के प्यार में इतना खुश होने की जरूरत नहीं है

शिक्षा, प्राथमिक शिक्षा की स्थिति, तस्वीरें, कहानी

सिमटने लगा है यादों का दायरा

बहुत से दोस्त, परिचित, जानने वाले जो हमारे दिल के बहुत करीब होते हैं कैसे बीतते वक़्त के साथ धीरे-धीरे उनकी यादें बिल्कुल धुंधली हो जाती हैं। एक दिन ऐसा भी आता है जब किसी का अचानक से याद आना भी हमें चौंका जाता है। और हम सोचने को मजबूर हो जाते हैं कि अरे! … Continue reading सिमटने लगा है यादों का दायरा